मारपीट के डर से छात्र युवक के साथ पंहुचा गुजरात नाटकीय ढंग से लिखाई थी गुमशुदगी
मेरापुर फर्रुखाबाद।
छात्र अंकित के चाचा राजकुमार यादव गुजरात के शहर वापी के जिला व थाना वलसाड़ क्षेत्र में स्थित एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है।
छात्र बीमार होने के कारण बीते चार माह से कालेज नहीं जा रहा था।
पिता कुवंरपाल सिंह यादव अपने छात्र बेटे अंकित के साथ आय दिन स्कूल जाने के लिए मारपीट कर प्रताडि़त करता था।
मारपीट से तंग व नाराज होकर छात्र अंकित बीते दिन शनिवार को गांव के ही एक युवक के साथ अपने चाचा के पास जाने के लिए रवाना हो गया था।
छात्र ने गुजरात पंहुच कर अपने चाचा को बताया कि पापा मुझे बहुत मारते पीटते थे।
इसी लिए मैं आप के पास चला आया हूं।
छात्र के गुजरात पंहुचते ही चाचा राजकुमार ने अपने भाई कुवंरपाल को सूचना दी।कि अंकित मेरे पास आ गया है। आप लोग परेशान न होना।
छात्र के पिता ने थाने जाकर पुलिस को सूचना दी।
थानाध्यक्ष आरके रावत ने बताया कि छात्र चार माह से
कालेज नहीं जा रहा था। इसको लेकर परिजन छात्र के साथ अक्सर मारपीट करते थे।जिससे उसका मानसिक संतुलन बिगड़ गया और वह अपने चाचा के पास गुजरात चला गया। परिजन छात्र को लेने गुजरात गये हैं। वह कल तक अपने घर आ जायेगा।
मालुम हो कि मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव उनासी निवासी कुंवरपाल सिंह यादव ने छात्र बेटे के साथ अपने व्दारा की गई। मारपीट की घटना को छुपाकर पुलिस को गुमरहा कर बीते दिन रविवार को गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
जिसमें कहा गया था । कि मेरा 15 वर्षिय बेटा अंकित भूड़नगरिया स्थित आर एस इण्टर कालेज का कक्षा 10 का छात्र है।
वह शनिवार सुबह 8:30 बजे चार माह बाद कालेज गया था।
जहां से बापस नहीं आया है। जब कालेज जाकर जानकारी की गई थी।तो पता चला था। कि शनिवार को छात्र कालेज में पड़ने ही नहीं आया था।जिसके बाद इधर उधर जानकारी की गई थी।तब भी उसका कोई पता नहीं चला था।
ब्यूरो रिपोर्ट सोनू राजपूत की रिपोर्ट
