सात दिवसीय विशेष शिविर का उद्घाटन प्रात:काल स्वराज विद्यापीठ में इलाहाबाद विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा
*प्रयागराज*
आज दिनांक 05 फरवरी 2020 को यूइंग क्रिश्चियन महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई 33, 34 तथा 40 के सात दिवसीय विशेष शिविर का उद्घाटन प्रात:काल स्वराज विद्यापीठ में इलाहाबाद विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना की समन्वयक डॉ. मन्जू सिंह के करकमलों द्वारा हुआ। अपने उद्घाटन उद्बोधन में डॉ मंजू सिंह ने स्वयंसेवकों
को राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्य एवं कार्यक्रमों के बारे में विस्तार से बताया जिससे स्वयंसेवकों में ऊर्जा का अप्रतिम संचार हुआ। विशेष वक्ता के रूप में अर्थशास्त्री डॉ उमेश प्रताप सिंह ने मानव एवं समाज निर्माण के लिए शारीरिक, बौद्धिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक विकास की जरूरत पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्वयंसेवकों से अपने 15 वर्ष के कार्यक्रम अधिकारी के रूप में किए गये कार्यों को भी साझा किया। कार्यक्रमाधिकारी डॉ.स्वप्निल श्रीवास्तव ने सातदिवसीय शिविर की रूपरेखा प्रस्तुत की। संचालन डॉ प्रचेतस एवं धन्यवाद डॉ जीजो सी जॉर्ज ने किया।
एक भारत, श्रेष्ठ भारत की थीम को लेकर द्वितीय सत्र अपने जिले एवं उसके द्वारा देश को जानने पर आधारित था। इस कड़ी में स्वयंसेवकों द्वारा इलाहाबाद संग्रहालय का भ्रमण किया गया । संग्रहालय दर्शन के दौरान डॉ सुशील शुक्ला ने इलाहाबाद संग्रहालय की ऐतिहासिकता एवं उसकी महत्ता को विस्तार से बताते हुए कहा कि किसी भी समाज व देश को नज़दीक से जानने के लिए संग्रहालय की विशिष्ट उपयोगिता है। इसके पश्चात डॉ कविता गुप्ता के द्वारा स्वयंसेवकों को सेंट्रल पब्लिक लाइब्रेरी, इलाहाबाद से जुड़े इतिहास के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गयी। पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ जी. एम. शुक्ला ने पुस्तकालय में विद्यमान पुस्तकों एवं उनके रखरखाव के बारे में स्वयंसेवकों को बताते हुए पुस्तकालय की उपयोगिता को समझाया। तत्पश्चात डॉ कविता जी ने अमर शहीद चन्द्रशेखर आज़ाद के शहीद स्थल पर उनके बलिदान की कहानी एवं आज़ादी की लड़ाई में शामिल देशभक्तों की कहानियों को स्वयंसेवकों से साझा किया।
*रिपोर्ट मोहम्मद साबिर प्रयागराज*
आज दिनांक 05 फरवरी 2020 को यूइंग क्रिश्चियन महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई 33, 34 तथा 40 के सात दिवसीय विशेष शिविर का उद्घाटन प्रात:काल स्वराज विद्यापीठ में इलाहाबाद विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना की समन्वयक डॉ. मन्जू सिंह के करकमलों द्वारा हुआ। अपने उद्घाटन उद्बोधन में डॉ मंजू सिंह ने स्वयंसेवकों
को राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्य एवं कार्यक्रमों के बारे में विस्तार से बताया जिससे स्वयंसेवकों में ऊर्जा का अप्रतिम संचार हुआ। विशेष वक्ता के रूप में अर्थशास्त्री डॉ उमेश प्रताप सिंह ने मानव एवं समाज निर्माण के लिए शारीरिक, बौद्धिक, मानसिक एवं आध्यात्मिक विकास की जरूरत पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्वयंसेवकों से अपने 15 वर्ष के कार्यक्रम अधिकारी के रूप में किए गये कार्यों को भी साझा किया। कार्यक्रमाधिकारी डॉ.स्वप्निल श्रीवास्तव ने सातदिवसीय शिविर की रूपरेखा प्रस्तुत की। संचालन डॉ प्रचेतस एवं धन्यवाद डॉ जीजो सी जॉर्ज ने किया।
एक भारत, श्रेष्ठ भारत की थीम को लेकर द्वितीय सत्र अपने जिले एवं उसके द्वारा देश को जानने पर आधारित था। इस कड़ी में स्वयंसेवकों द्वारा इलाहाबाद संग्रहालय का भ्रमण किया गया । संग्रहालय दर्शन के दौरान डॉ सुशील शुक्ला ने इलाहाबाद संग्रहालय की ऐतिहासिकता एवं उसकी महत्ता को विस्तार से बताते हुए कहा कि किसी भी समाज व देश को नज़दीक से जानने के लिए संग्रहालय की विशिष्ट उपयोगिता है। इसके पश्चात डॉ कविता गुप्ता के द्वारा स्वयंसेवकों को सेंट्रल पब्लिक लाइब्रेरी, इलाहाबाद से जुड़े इतिहास के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गयी। पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ जी. एम. शुक्ला ने पुस्तकालय में विद्यमान पुस्तकों एवं उनके रखरखाव के बारे में स्वयंसेवकों को बताते हुए पुस्तकालय की उपयोगिता को समझाया। तत्पश्चात डॉ कविता जी ने अमर शहीद चन्द्रशेखर आज़ाद के शहीद स्थल पर उनके बलिदान की कहानी एवं आज़ादी की लड़ाई में शामिल देशभक्तों की कहानियों को स्वयंसेवकों से साझा किया।
*रिपोर्ट मोहम्मद साबिर प्रयागराज*

